भारत की संस्कृति के लिए... भाषा की उन्नति के लिए... साहित्य के प्रसार के लिए
लोक संगीत
कविता कोश विशेष क्यों है?
कविता कोश परिवार

कफस/ सजीव सारथी

Kavita Kosh से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

आह जो दर्द से होकर गुजरी,
वो भी किसी सरहद पर जाकर,
रुक गयी...

एक सदा जो ख़ामोशी से उठी थी,
वो भी पहाड़ों से टकरा कर,
बिखर गयी...

आसमान पे उड़ने वाले परिंदे की,
परवाज़ जो देखी तो सोचा कि-
मेरी रूह पर,

ये जिस्म का कफस क्यों है ?