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किराए का घर / निलिम कुमार

मेरे एक कमरे में वह पढ़ता है
दूसरे कमरे में
खाना खाता है
एक कमरे में वह गीत गाता है
और एक दूसरे कमरे में सोता है

उसने मेरे दिल के सभी चारों कमरे
घेर रखे हैं

वह और कोई नहीं
दुख है