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"जो तुम आ जाते एक बार / महादेवी वर्मा" के अवतरणों में अंतर

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जो तुम आ जाते एक बार
 
जो तुम आ जाते एक बार
  
कितनी करूणा कितने संदेश
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पथ में बिछ जाते बन पराग
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पथ में बिछ जाते बन पराग<br>
गाता प्राणों का तार तार
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गाता प्राणों का तार तार<br>
अनुराग भरा उन्माद राग
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अनुराग भरा उन्माद राग<br>
आँसू लेते वे पथ पखार
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आँसू लेते वे पथ पखार<br>
जो तुम आ जाते एक बार
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हंस उठते पल में आद्र नयन
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हंस उठते पल में आद्र नयन<br>
धुल जाता होठों से विषाद
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धुल जाता होठों से विषाद<br>
छा जाता जीवन में बसंत
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छा जाता जीवन में बसंत<br>
लुट जाता चिर संचित विराग
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लुट जाता चिर संचित विराग<br>
आँखें देतीं सर्वस्व वार
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आँखें देतीं सर्वस्व वार<br>
जो तुम आ जाते एक बार
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जो तुम आ जाते एक बार<br>

16:18, 6 जुलाई 2006 का अवतरण

जो तुम आ जाते एक बार

कितनी करूणा कितने संदेश
पथ में बिछ जाते बन पराग
गाता प्राणों का तार तार
अनुराग भरा उन्माद राग
आँसू लेते वे पथ पखार
जो तुम आ जाते एक बार

हंस उठते पल में आद्र नयन
धुल जाता होठों से विषाद
छा जाता जीवन में बसंत
लुट जाता चिर संचित विराग
आँखें देतीं सर्वस्व वार
जो तुम आ जाते एक बार