भारत की संस्कृति के लिए... भाषा की उन्नति के लिए... साहित्य के प्रसार के लिए
लोक संगीत
कविता कोश विशेष क्यों है?
कविता कोश परिवार

दीपक से अधिक मूल्यवान होता है प्रकाश / निज़ार क़ब्बानी

Kavita Kosh से
अनिल जनविजय (चर्चा | योगदान) द्वारा परिवर्तित 12:17, 16 मई 2010 का अवतरण

(अंतर) ← पुराना अवतरण | वर्तमान अवतरण (अंतर) | नया अवतरण → (अंतर)
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

मुखपृष्ठ  » रचनाकारों की सूची  » रचनाकार: निज़ार क़ब्बानी  » दीपक से अधिक मूल्यवान होता है प्रकाश

दीपक से अधिक मूल्यवान होता है प्रकाश
पांडुलिपियों से अधिक मूल्यवान होती हैं कविताएँ
और अधरों से अधिक मूल्यवान होते हैं
उन पर रचे गए चुंबन ।

तुमसे ...
मुझसे...
हम दोनों से....
बहुत अधिक मूल्यवान हैं मेरे प्रेमपत्र ।
वे ही तो हैं वे दस्तावेज़
जिनसे आने वाले समय में
जान पायेंगे लोगबाग
कि कैसा रहा होगा तुम्हारा सौन्दर्य
और कितना मूल्यवान रहा होगा मेरा पाग़लपन।


अँग्रेज़ी से अनुवाद : सिद्धेश्वर सिंह