भारत की संस्कृति के लिए... भाषा की उन्नति के लिए... साहित्य के प्रसार के लिए
लोक संगीत
कविता कोश विशेष क्यों है?
कविता कोश परिवार

दोनू हाथ्थाँ के म्हाँ ले री लोटा पाणी का / हरियाणवी

Kavita Kosh से
अजय यादव (चर्चा | योगदान) द्वारा परिवर्तित 15:23, 26 अप्रैल 2011 का अवतरण (नया पृष्ठ: {{KKGlobal}} {{KKLokRachna |रचनाकार=अज्ञात }} {{KKLokGeetBhaashaSoochi |भाषा=हरियाणवी }} <poem> दोनू हाथ्…)

(अंतर) ← पुराना अवतरण | वर्तमान अवतरण (अंतर) | नया अवतरण → (अंतर)
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

   ♦   रचनाकार: अज्ञात

दोनू हाथ्थाँ के म्हाँ लेरी लोटा पाणी का
सूरज को जल देते देख्या रूप सेठाणी का...