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राम मेश्राम
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रामभाऊ अमृतलाल मेश्राम | |
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जन्म: 20 दिसंबर 1946
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| उपनाम | राम मेश्राम |
| जन्म स्थान | बारा सिवनी, मध्य प्रदेश, भारत |
| कुछ प्रमुख कृतियाँ | शोलों के फूल (ग़ज़ल-संग्रह) |
| विविध | अखिल भारतीय अंबिका प्रसाद दिव्य पुरस्कार |
| जीवनी | राम मेश्राम / परिचय |
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ग़ज़लें <sort order="asc" class="ul">
- मैं महान हूँ, तू महान है / राम मेश्राम
- नज़र के सामने सत्कार बढ़िया / राम मेश्राम
- नई हर शै पे ऐसे आशना है / राम मेश्राम
- तारीक बेबसी से गुज़रना पडेगा, यार! / राम मेश्राम
- सच है कि फरिश्तों में तो गिनती नहीं होती / राम मेश्राम
- तर्कों की बौछार में हँसता घाघ शिकारीपन का सच / राम मेश्राम
- यारो किसी गिरगिट का किरदार जिया करना / राम मेश्राम
- इतना क्यूँ तू मिमियाता है? / राम मेश्राम
- हर हक़ीक़त दबाई जाती है / राम मेश्राम
- ये सेहरा झूठ का तेरे सर रहा है / राम मेश्राम
- जलते हुए शहर की कोई कैफ़ियत नहीं / राम मेश्राम
- चापलूसी से, ख़ुशामद से, क़दमबोसी से / राम मेश्राम
- आग भड़की, ख़ून पानी हो गया / राम मेश्राम
- रोशनी से दिल का रिश्ता टूटता है / राम मेश्राम
- ख़ुद से इतनी दरिन्दगी क्या है / राम मेश्राम
- चेहरों की भीड़-भाड़ है, सूरत कहीं नहीं / राम मेश्राम
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